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नवरात्री के 7वें दिन करें माँ कालरात्रि की पूजा

माँ कालरात्रि के आराधना सभी प्रकार के भय से मुक्त कर देती है । माँ कालरात्रि के ध्यान मात्र से भूत, पिशाच, भय दूर हो जाते हैं ।

मंगलवार 16 अक्टूबर 2018, आज सभी भक्त करेंगे माँ कालरात्रि की आराधना । 16 अक्टूबर को माँ कालरात्रि की आराधना सभी दुखों से दूर करने वाली होगी । भयानक रूप वाली माँ कालरात्रि का ह्रदय अपने भक्तों के लिए तनिक भी कठोर नहीं हैं और किसी भक्त को माँ कालरात्रि से भयभीत होने की भी आवश्यकता नहीं है क्योंकि माँ कालरात्रि दुष्टों के लिए घातक हैं किन्तु अपने भक्तों के लिए सदा फलदयानी हैं ।

माँ कालरात्रि का स्वरुप

माँ कालरात्रि चार भुजाओं वाली हैं । उनका रंग काली रात की तरह काला है और नाम के अनुसार रात्रि में दुष्टों का काल हैं कालरात्रि माता । गर्दभ  (गधे) की सवारी करने वाली माँ कालरात्रि के गले में विद्युत की तरह चमकने वाली माला है । अपने हुंकार मात्रा से दुष्टों का संहार करने माँ कालरात्रि जब सांस लेती हैं तो उनके नासिका से आग की लपटे निकलती हैं । कोमल ह्रदय वाली माँ कालरात्रि भक्तों की लिए फलदायी और दुष्टों के लिए काल हैं ।

मां कालरात्रि के तीन नेत्र हैं जो ब्रह्माण्ड की तरह गोल हैं । माँ कालरात्रि के दाहिनी तरफ ऊपर उठा हाथ वर मुद्रा में है जबकि निचे का हाट अभय मुद्रा में है । बायीं तरफ के ऊपर उठे हाथ में कटार है जबकि निचे वाले हाथ में लोहे का कांटा है ।

माँ कालरात्रि की कथा

शुम्भ और निशुम्भ जब माता जगदम्बा से युद्ध कर रहे थे उस समय रक्त बीज नाम का राक्षस मान जगदम्बा के सामने भयंकर उत्पात मचा रहा था । रक्त बीज को उसके तपस्या से मिले वरदान के अनुसार उसके रक्त की जीतनी बुँदे जमीं पर गिरती उतने ही रक्तबीज पैदा हो जाते । नए पैदा हुए रक्तबीजों में भी रक्तबीज जैसी ताकत होती थी। रक्तबीज की बढ़ती हुई संख्या को देखकर उसके संहार के लिए माँ कालरात्रि ने अवतार लिया । माँ कालरात्रि रक्तबीज का खून पीकर उसे जमीं पर गिरने नहीं देती थीं और इस प्रकार माँ ने रक्तबीज सहित पुरी सेना कर संहार कर डाला और काल रात्रि के नाम से विख्यात हुईं ।

माँ कालरात्रि के लिए मंत्र

या देवी सर्वभू‍तेषु माँ कालरात्रि रूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नम:।।

माँ कालरात्रि का स्वरूप देखने में भले ही अत्यंत भयानक है किन्तु माता सदैव ही शुभ फल  देने वाली हैं। इसी कारण इनका एक नाम ‘शुभंकारी’ भी है। 

देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी ट्वीट कर माँ कालरात्रि के जाप का  मंत्र ट्वीट कर शेयर किया है ।

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